महाराष्ट्र: बीजेपी-शिवसेना की तकरार पर कांग्रेस ने चला ये दांव

महाराष्ट्र: बीजेपी-शिवसेना की तकरार पर कांग्रेस ने चला ये दांव

मुंबई। महाराष्ट्र में मुख्यमंत्री पद पर 50-50 फॉर्मूले को लेकर बीजेपी-शिवसेना के बीच बढ़ती तकरार के बीच कांग्रेस ने भी अपना दांव चल दिया है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पृथ्वीराज चव्हाण ने शिवसेना को सरकार बनाने के लिए समर्थन देने पर चर्चा करने की बात कहकर मामला और गरमा दिया है।

पृथ्वीराव चव्हाण ने कहा कि “यदि शिवसेना प्रस्ताव रखती है तो पार्टी हाईकमान और अन्य दलों के नेताओं के साथ चर्चा की जाएगी। हालांकि अभी शिवसेना की ओर से कोई प्रस्ताव नहीं आया है।”

इतना ही नहीं कांग्रेस नेता ने बीजेपी-शिवसेना के बीच मुख्यमंत्री पद को लेकर हो रही खींचतान पर तंज कसते हुए कहा कि ‘भाजपा और शिवसेना को महाराष्ट्र के मतदाताओं को बताना चाहिए कि उनके बीच क्या फैसला हुआ। अगर उनके बीच इतना अविश्वास है तो वे सरकार कैसे बना सकते हैं?’

गौरतलब है कि इससे पहले महाराष्ट्र विधानसभा में विपक्ष के नेता विजय वाडेत्तिवार ने भी इशारो में शिवसेना को समर्थन देने की पेशकश की थी। उन्होंने कहा कि ‘अब गेंद बीजेपी के पाले में है, शिवसेना को फैसला लेना है कि क्या वह अपना पांच साल का सीएम चाहती है या 2.5 साल के सीएम की मांग पर बीजेपी की प्रतिक्रिया का इंतजार करेगी। अगर सेना हमें कोई प्रस्ताव देती है तो हम उस पर अपने आलाकमान के साथ बात करेंगे।’

वहीँ इससे पहले आज बीजेपी और शिवसेना की आज होने वाली संयुक्त बैठक को शिवसेना ने रद्द कर बीजेपी को चुनौती दी है। इस बैठक में मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री पद को लेकर अंतिम निर्णय होना था। इस बैठक में बीजेपी के पर्यवेक्षक के तौर पर केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर और पार्टी नेता भूपेंद्र यादव शामिल होने वाले थे। वहीं शिवसेना की तरफ से सुभाष देसाई और संजय राउत को बैठक में शामिल होना था।

शिवसेना सांसद संजय राउत ने बैठक रद्द होने की जानकारी देते हुए कहा कि जब इस बैठक में मुख्यमंत्री पद के लिए 50-50 फॉर्मूले पर कोई बात ही नहीं होनी थी तो इसका कोई औचित्य नहीं रह जाता।

उन्होंने कहा कि जब सीएम ही खुद कह रहे हैं 50-50 फॉर्मूले पर चर्चा ही नहीं हुई थी तो ऐसी बातचीत का क्या नतीजा निकलेगा। इसलिए उद्धव जी ने यह बैठक रद्द कर दी।

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TeamDigital