जासूसी पर संसद में घमासान, राहुल बोले ‘सरकार बताये पेगासस खरीदा था कि नहीं’

नई दिल्ली। पेगासस जासूसी के मुद्दे पर आज भी संसद की कार्यवाही बाधित रही है। विपक्ष इस मुद्दे पर सरकार को संसद से सड़क तक घेर रहा है। विपक्ष सरकार से पेगासस मुद्दे पर चर्चा की मांग कर रहा है।

बुधवार को पेगासस के मुद्दे पर विपक्षी दलों के सदस्यों ने संसद के दोनो सदनों में जमकर हंगामा किया। जिसके चलते लोकसभा और राज्य सभा की कार्यवाही को बार-बार स्थगित करना पड़ रहा है।

केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि संसद में आज पार्टियों ने अपने पश्नों को रखा लेकिन कांग्रेस और टीएमसी सांसदों ने सदन के स्पीकर पर कागज़ फेंके। संसद में मौजूदा अधिकारियों के ऊपर भी वे चढ़े। यह दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र को शर्मसार करने की घटना है।

उन्होंने कहा कि संसद में सरकार विपक्ष के सवालों के उत्तर देने के लिए तैयार है तो कांग्रेस, टीएमसी और अन्य दल संसद में प्रश्न पूछने से क्यों भाग रहे हैं? इनका काम संसद की कार्यवाही में रुकावट पैदा करना है। विपक्ष के काम से लोकतंत्र शर्मसार हो रहा है।

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वहीँ इस बीच पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने पेगासस मुद्दे पर सरकार से सीधा सवाल किया है। उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि हमारी आवाज़ को संसद में दबाया जा रहा है। हमारा एक सवाल है कि क्या केंद्र सरकार ने पेगासस को खरीदा था कि नहीं? क्या केंद्र सरकार ने उसका इस्तेमाल अपने देश के लोगों के ख़िलाफ़ किया था कि नहीं? हम यह जानना चाहते हैं।

राहुल गांधी ने कहा कि इस हथियार को आतंकवादियों के खिलाफ, देशद्रोहियों के खिलाफ प्रयोग किया जाना चाहिए। हम नरेंद्र मोदी से सवाल पूछना चाहते हैं कि इस हथियार का इस्तेमाल लोकतंत्र के खिलाफ क्यों किया गया?… पेगासस पर चर्चा होने से पहले हम कहीं नहीं जाएंगे।

राहुल गांधी ने पेगासस के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए कहा कि हम पेगासस पर चर्चा चाहते हैं। सरकार पेगासस पर चर्चा करने से मना कर रही है। स्पष्ट तौर पर सरकार ने कुछ ग़लत किया है, स्पष्ट तौर पर सरकार ने कुछ ऐसा किया है जो देश के लिए ख़तरनाक है। वरना वे कहते कि आइए और चर्चा कीजिए।

गौरतलब है कि 19 जुलाई से शुरू हुए मानसून सत्र में अब तक एक भी दिन संसद की कार्यवाही ठीक से नहीं चल पाई है। विपक्ष कृषि कानूनों और पेगासस के मुद्दे पर सरकार को लगातार घेर रहा है।

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