बिहार में SIR के मुद्दे पर विपक्ष का संसद में प्रदर्शन, कार्यवाही कल तक के लिए स्थगित
नई दिल्ली। बिहार में एसआरआई के मुद्दे को लेकर विपक्ष ने संसद के दोनों सदनों लोकसभा और राज्यसभा में चर्चा की मांग की, इस दौरान विपक्ष ने सदन में हंगामा भी किया, जिसके बाद स्पीकर ने दोनों सदनों की कार्यवाही को कल तक के लिए स्थगित कर दिया।
आज सुबह से ही विपक्ष ने सरकार के खिलाफ आक्रामक तेवर दिखाने शुरू कर दिए थे। मानसून सत्र के दूसरे दिन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने पहलगाम आतंकी हमले पर चर्चा की मांग उठाई। काफी देर शोर होने के बाद लोकसभा को 12 बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ा।
इससे पहले लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, अखिलेश यादव सहित विपक्षी सांसदों ने बिहार में एसआईआर (विशेष गहन समीक्षा) अभ्यास के मुद्दे पर संसद के मकर द्वार पर विरोध प्रदर्शन किया।
कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा, “यह एसआईआर (विशेष गहन समीक्षा) अभ्यास का मुद्दा नहीं है, बल्कि लोकतंत्र का मुद्दा है…लोकतंत्र की हत्या हो रही है और हम इस पर चर्चा चाहते हैं…यह लोकतंत्र की रक्षा की लड़ाई है…भाजपा लोकतंत्र पर हमला कर रही है।
समाजवादी पार्टी के सांसद राम गोपाल यादव ने SIR (विशेष गहन समीक्षा) पर कहा, “वोट को काटना और फर्जी वोट को जोड़ना ही SIR है इसलिए सारे लोग इसका विरोध कर रहे हैं…लोकतंत्र से कोई मतलब नहीं है।”
SIR (विशेष गहन समीक्षा) पर भाजपा सांसद रवि शंकर प्रसाद ने कहा,”ये जो विरोध हो रहा है इस पर मुझे कुछ सवाल करना है-वोट वही कर सकता है जो भारत का नागरिक है तो अगर इसकी थोड़ी जांच हो रही है तो परेशानी क्या है, वोट वो कर सकता है जो उस क्षेत्र या जगह में रह रहे हो तो वहां पर रह रहे हैं या नहीं ये देखने में क्या जा रहा है…चुनाव आयोग ने कहा है कि बहुत लोग बाहर से आए हैं तो यहां वही वोट देगा जो भारत का नागरिक है यही देखने का काम वो कर रहे हैं….इसको देखकर विपक्ष परेशान क्यों हैं?
वहीँ कांग्रेस सांसद के.सी. वेणुगोपाल ने कहा, “…यह लोकतंत्र पर स्पष्ट हमला है। हम SIR (विशेष गहन समीक्षा) पर चर्चा की मांग कर रहे हैं। हम SIRनहीं चाहते। चुनाव आयोग की निष्पक्षता पहले ही खत्म हो चुकी है। सरकार चर्चा के लिए बिल्कुल तैयार नहीं है…वे पहलगाम पर चर्चा के लिए सहमत हुए थे। हम अगले हफ्ते इस पर चर्चा के लिए तैयार हैं, लेकिन यह लोकतंत्र से जुड़े सबसे महत्वपूर्ण मुद्दों में से एक है।”
