दिल्ली: प्रतिबंध के बावजूद रातभर चले पटाखे, आसमान में धुंध की मोटी चादर छाई

दिल्ली: प्रतिबंध के बावजूद रातभर चले पटाखे, आसमान में धुंध की मोटी चादर छाई

नई दिल्ली। दिल्ली सरकार द्वारा दिवाली पर पटाखे चलाने पर लगाए गए प्रतिबंध के बावजूद यहां देर रात तक पटाखे चलाये गए। कई इलाको ने सड़क पर आकर पटाखे चलाये। दिवाली की रात को ही दिल्ली का आसमान पर धुंध की मोती चादर से ढक गया।

पंजाब और हरियाणा में पराली जलाने के कारण बहुत खराब स्तर में चल रही दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद का वायु गुणवत्ता सूचकांक हवा दिवाली में पटाखे चलने के बाद गंभीर श्रेणी में पहुंच गया है।

शुक्रवार सुबह दिल्ली के जनपथ में हवा की गुणवत्ता ‘खतरनाक’ श्रेणी में पहुंच गई है। आज सुबह जनपथ में प्रदूषण मीटर (पीएम) 2.5 की सांद्रता 655.07 थी। दिल्ली के आसमान में धुंध की मोटी चादर छाई हुई है, यहां कई लोगों ने गले में खुजली और आंखों से पानी आने की शिकायत की है।

केंद्र द्वारा संचालित वायु गुणवत्ता और मौसम पूर्वानुमान और अनुसंधान प्रणाली (सफर) के अनुसार, रविवार शाम (7 नवंबर) तक हवा की गुणवत्ता में सुधार नहीं होगा। हालाँकि, सुधार ‘वैरी पुअर’ श्रेणी में उतार-चढ़ाव करेगा।

सफर के मुताबिक, “दिल्ली की समग्र वायु गुणवत्ता बहुत खराब श्रेणी के ऊपरी छोर में चली गई है … यह अभी भी गिरती रहेगी और आज रात तक “बहुत खराब” से “गंभीर” श्रेणी में प्रवेश कर सकती है …,। “

“अगर पिछले साल के 50 प्रतिशत भी पटाखे जलाए गए तो पीएम2.5 आधी रात तक ‘गंभीर’ श्रेणी में प्रवेश कर जाएगा और आज सुबह तक तेजी से एक्यूआई 500+ को भी पार कर जाएगा।”

सफर मॉडल के पूर्वानुमान के अनुसार, यहां की हवा में पराली की हिस्सेदारी आज (5 नवंबर) को 35 फीसदी और 6 नवंबर और 7 नवंबर को 40 फीसदी तक पहुंच जाएगी। केवल 7 नवंबर की शाम से राहत की उम्मीद है, लेकिन एक्यूआई बहुत खराब सीमा के भीतर उतार-चढ़ाव करेगा।”

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TeamDigital