पश्चिम बंगाल: ममता बनर्जी मंत्रिमंडल में शामिल हुए 43 मंत्रियों ने ग्रहण की शपथ

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में नव गठित सरकार में आज शामिल हुए 43 मंत्रियों को राज्यपाल जगदीप धनकड़ ने शपथ ग्रहण कराई। राजभवन के थ्रोन हॉल में सीएम ममता बनर्जी की उपस्थिति में राज्यपाल ने मंत्रियों को शपथ ग्रहण कराई। ममता सरकार के 43 सदस्यों वाले केबिनेट में 8 महिलाएं शामिल हैं।

43 सदस्यीय मंत्रिमंडल में पूर्व वित्त मंत्री अमित मित्रा, पूर्व क्रिकेटर मनोज तिवारी, पूर्व आईपीसी अधिकारी हुमायूं कबीर सहित कई नए चेहरे हैं, जो पहली बार ममता बनर्जी के मंत्रिमंडल में शामिल हुए हैं। अमित मित्रा को टिकट नहीं दिया गया था लेकिन उन्हें मंत्रिमंडल में शामिल किया गया है।

मंत्रिमंडल में 24 कैबिनेट दर्जे के मंत्री हैं, तो 10 को स्वतंत्र प्रभार और 9 राज्य दर्जा के मंत्री हैं। इस मंत्रिमंडल में ही सभी मंत्रियों के विभागों का बंटबारा किया जाएगा। सूत्रों की माने तो मुख्यमंत्री ममता बनर्जी गृह विभाग और स्वास्थ्य विभाग खुद अपने पास रखेंगी, जबकि पुराने मंत्रियों के विभागों में कुछ फेरबदल हो सकते हैं।

ये बनाये गए ममता सरकार में मंत्री:

ममता बनर्जी के नए मंत्रिमंडल में पुराने मंत्रियों में सुब्रत मुखर्जी, पार्थ चटर्जी, अमित मित्रा, फिरहाद हकीम, अरुप विश्वास, शोभनदेव चट्टोपाध्याय, साधन पांडेय, ज्योतिप्रिय मल्लिक, बंकिम चंद्र हाजरा, सोमेन महापात्रा, मलय घटक, अरुप विश्वास, उज्जवल विश्वास, अरुप राय, चंद्रनाथ सिन्हा, ब्रात्य बसु, डॉ शशि पांजा, जावेद खान, स्वपन देवनाथ और सिद्दिकुल्ला चौधरी जैसे मंत्रियों को फिर से कैबिनेट मंत्री बनाया गया है. राज्यसभा के पूर्व एमपी मानस रंजन भुइयां, रथीन घोष, पुलक राय और बिप्लव मित्रा को भी कैबिनेट मंत्री बनाया गया है।

ये भी पढ़ें:  देश के कई राज्यों में PFI के खिलाफ ऑपरेशन जारी, दिल्ली और यूपी से भी गिरफ्तारी

इसके अलावा बंकिम हाजरा, रथीन घोष, पुलक रॉय, बिप्लव मित्र, हुमायूं कबीर, अखिल गिरि, रत्ना दे नाग, बीरवाह हांसदा, ज्योत्सना मांडी, मनोज तिवारी, सिउली साहा, बुलचिकी बराईक, दिलीप मंडल, अकरुज्जमान, श्रीकांत महतो और परेश अधिकारी को पहली बार मंत्रिमंडल में शामिल किया गया है।

आज होगी केबिनेट की पहली बैठक:

शपथ ग्रहण समारोह के बाद दोपहर तीन बजे राज्य मंत्रिमंडल की पहली बैठक आयोजित की गई है। माना जा रहा है कि इस बैठक में पश्चिम बंगाल में कोरोना संक्रमण की स्थिति की समीक्षा भी की जायेगी तथा कोरोना से निपटने के लिए नई रणनीति बनाये जाने पर भी चर्चा हो सकती है।

अपनी राय कमेंट बॉक्स में दें
सत्य को ज़िंदा रखने की इस मुहिम में आपका सहयोग बेहद ज़रूरी है। आपसे मिली सहयोग राशि हमारे लिए संजीवनी का कार्य करेगी और हमे इस मार्ग पर निरंतर चलने के लिए प्रेरित करेगी। याद रखिये ! सत्य विचलित हो सकता है पराजित नहीं।
ताज़ा हिंदी समाचार और उनसे जुड़े अपडेट हासिल करने के लिए फ्री मोबाइल एप डाउनलोड करें अथवा हमें फेसबुक, ट्विटर या गूगल पर फॉलो करें