दिल्ली में आप-कांग्रेस के बीच गठबंधन के लिए ममता की कोशिशें जारी

दिल्ली में आप-कांग्रेस के बीच गठबंधन के लिए ममता की कोशिशें जारी

नई दिल्ली। 2019 के लोकसभा चुनाव में दिल्ली की सात लोकसभा सीटों पर आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के बीच गठबंधन के प्रयास कर रहीं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की कोशिशें अभी जारी हैं।

इससे पहले कल कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाकात के बाद दिल्ली प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष शीला दीक्षित ने साफ़ तौर पर कहा था कि दिल्ली में कांग्रेस आम आदमी पार्टी के साथ किसी तरह का गठबंधन नहीं करेगी।

गठबंधन को लेकर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल लगातार कहते रहे हैं कि वे कांग्रेस के साथ गठबंधन के इच्छुक हैं और यदि गठबंधन नहीं होता तो इसका लाभ बीजेपी को मिलना तय है। केजरीवाल ने कांग्रेस पर बीजेपी के साथ गुप्त समझौते का भी आरोप लगाया है। दिल्ली में आम आदमी पार्टी लोकसभा की सात में से 6 सीटों पर अपने उम्मीदवारों का एलान भी कर चुकी है।

वहीँ कहा जा रहा है कि दिल्ली में कांग्रेस आम आदमी पार्टी के साथ गठबंधन के लिए इसलिए भी तैयार नहीं हैं क्यों कि कांग्रेस दिल्ली में बड़े भाई की भूमिका में रहना चाहती है और वह कम से कम चार लोकसभा सीटें मांग रही है। दूसरी तरफ केजरीवाल कांग्रेस को दो सीटें तक देने को तैयार हैं।

आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के बीच गठबंधन के लिए मध्यस्थ के तौर पर भूमिका निभा रही ममता बनर्जी अभी भी चाहती हैं कि किसी तरह दोनों पार्टियों के बीच गठबंधन बने जिससे दिल्ली की सभी 7 सीटों पर बीजेपी को शिकस्त दी जा सके।

सूत्रों की माने तो अब ममता बनर्जी इस मामले को लेकर जल्द ही यूपीए चेयरपर्सन सोनिया गांधी से मुलाकात कर सकती हैं। बताया जाता है कि ममता बनर्जी की सोनिया गांधी से अच्छी अंडरस्टेंडिंग है। फ़िलहाल सभी की नज़रें कांग्रेस और आप के गठबंधन पर टिकी हैं लेकिन ये कह पाना अभी मुश्किल है कि नाउम्मीदी तक पहुंची संभावनाओं को ममता बनर्जी किस हद तक सही करने में कामयाब रहती हैं।

TeamDigital