अब येदुरप्पा की शैक्षिक योग्यता को लेकर पैदा हुआ सस्पेंस
नई दिल्ली। कर्नाटक में भारतीय जनता पार्टी के मुख्यमंत्री पद के दावेदार बीएस येदुरप्पा की शैक्षिक योग्यता को लेकर सस्पेंस पैदा हो गया है।
बीबीसी की एक खबर के अनुसार वर्ष 2013 के विधानसभा चुनाव के लिए दाखिल चुनावी हलफनामे में येदुरप्पा ने खुद को बीए पास बताया था जबकि अगले ही वर्ष हुए 2014 में हुए लोकसभा चुनाव में येदुरप्पा ने खुद को 12वीं के समक्ष (प्री यूनिवर्सिटी) बताया है।
खबर के अनुसार 2013 में येदुरप्पा कर्नाटक जनता पक्ष के टिकट से शिकारीपुरा विधानसभा सीट से चुनाव लड़े थे। नामाकन के दौरान दाखिल किये गए शपथपत्र में येदुरप्पा ने अपनी शैक्षि योग्यता ग्रेज्युएट यानी बीए (बैचलर ऑफ़ आर्ट्स) दर्शायी थी।
अगले ही वर्ष 2014 में हुए लोकसभा चुनावो में शिमोगा लोकसभा क्षेत्र से बीजेपी के टिकिट पर लोकसभा का चुनाव लड़े येदुरप्पा ने अपने शपथपत्र में शैक्षिक योग्यता के कॉलम में खुद को मंडया के गवर्मेंट कॉलेज से प्री यूनिवर्सिटी कोर्स पास दर्शाया।
वहीँ अब 2018 में फिर से विधानसभा चुनाव लड़ रहे येदुरप्पा ने अपने हलफनामे में शैक्षिक योग्यता के कॉलम में फिर से 2014 वाली शैक्षिक योग्यता प्री यूनिवर्सिटी कोर्स लिखा है।
ऐसे में सवाल उठ रहा है कि आखिर 2013 में बीए पास येदुरप्पा 2014 और 2018 में प्री यूनिवर्सिटी कोर्स ( इंटरमीडीएट) कैसे हो गए। बता दें कि इससे पहले पीएम नरेन्द्र मोदी और केन्द्रीय मंत्री स्मृति ईरानी को लेकर भी डिग्री विवाद उठा था।
