जीएसटी का विरोध: महिलाओं ने पीएम मोदी को भेजे सेनेटरी नेपकिन
कोयम्बटूर। एक जुलाई से देश भर में लागू किये गए जीएसटी में सेनेटरी नेपकिन पर 12 प्रतिशत जीएसटी लगाए जाने का विरोध कर रही महिलाओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सेनेटरी नेपकिन भेजे हैं। देश में जीएसटी लागू होने से पहले सेनेटरी नेपकिन पर 5 प्रतिशत टैक्स लिया जाता था।
तमिलनाडू के कोयम्बटूर के सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सेनेटरी नेपकिन पर लगने वाले जीएसटी के विरोध में एक मुहीम शुरू कर सेनेटरी नेपकिन को जीएसटी मुक्त रखे जाने की मांग उठायी है। इन कार्यकर्ताओं ने न केवल केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की, इसके साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वित्त मंत्री अरुण जेटली के घर सैनेटरी नैपकिन्स भिजवा दिए।
इससे पहले जेएनयू की एक पीएचडी स्कॉलर ज़रमीना इसरार खान ने भी सेनेटरी नेपकिन पर लगने वाले 12 प्रतिशत जीएसटी के खिलाफ दिल्ली उच्च न्यायालय में याचिका दाखिल की थी। याचिका में कहा गया था कि सैनेटरी नैपकिन्स पर इतना टैक्स लगाकर महिलाओं के साथ भेदभाव किया जा रहा है और यह गैरकानूनी व्यवहार है।
याचिकाकर्ती खान के वकील अमिल जॉर्ज ने कोर्ट में कहा था कि सैनेटरी नैपकिन्स महिलाओं के सम्मान और आजादी के लिए बहुत जरूरी है। इनसे महिलाओं की सेहत भी जुड़ी है।
