डॉलर के मुकाबले और गिरा रूपया, अबकी बार 74 के पार
नई दिल्ली। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले लगातार गिर रही भारतीय रुपये की कीमत आअज और नीचे चली गयी। एएनआई के मुताबिक अब डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की कीमत 74.10 रुपये हो गयी है।
रुपये के रसातल में जाने से तेल की कीमतें बढ़ने के अलावा अन्य कई चीज़ो की कीमतें बढ़ने की सम्भावना व्यक्त की जा रही है। इतना ही नहीं चालू खाता घाटा भी और बढ़ सकता है।
डॉलर के मुकाबले रुपये की कीमत गिरने से पेट्रोल डीजल के अलावा आम उपयोग की चीज़ें और महँगी हो सकती हैं। ट्रांसपोर्ट महंगा होने के अलावा सब्ज़ी, फल, दूध, अंडा इत्यादि भी माँगा हो सकता है।
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के तहत काम करने वाले पेट्रोलियम प्लानिंग एंड एनालिसिस सेल (पीपीएसी) के मुताबिक, बीते जुलाई महीने में इंडिया बास्केट क्रूड की औसत कीमत 73.73 डॉलर प्रति बैरल थी, जबकि उस समय डॉलर के मुकाबले रुपया 67.68 के स्तर पर था।
जानकारों की माने तो डॉलर के मुकाबले गिर रही भारतीय रुपये की कीमत से घरेलु बजट भी बिगड़ेगा। खासकर दाल, चावल, रसोई गैस, खाद्य तेल, रिफाइंड, चीनी और मसालों की कीमतें बढ़ना तय है। जानकारों के अनुसार आने वाले कुछ महीने त्यौहारों वाले हैं। ऐसे में महंगाई के चलते आम परिवारों के त्यौहार फीके हो सकते हैं।
सेंसेक्स 792 अंक टूटकर बंद:
शुक्रवार को भारतीय रिजर्व बैंक ने रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया है। दूसरी तरफ, रुपये में भी काफी ज्यादा गिरावट देखने को मिली। आज पहली बार रुपया डॉलर के मुकाबले 74 के पार पहुंच गया है।
शुक्रवार को सेंसेक्स 792.17 अंकों की भारी गिरावट के साथ 34,376.99 के स्तर पर बंद हुआ है। निफ्टी की बात करें तो यह भी नीचे आया है। निफ्टी ने 282.80 अंकों की गिरावट के साथ कारोबार समेटा है। इस गिरावट के साथ निफ्टी-50 10,316.45 के स्तर पर बंद हुआ है। इस कारोबारी हफ्ते के दौरान शेयर बाजार में लगातार गिरावट बनी रही है। 1 अक्टूबर से लेकर शुक्रवार के बीच शेयर बाजार 2100 अंक से भी ज्यादा टूटा है।
