कांग्रेस का पलटवार: पीएम अस्वस्थ मानसिकता के शिकार, ये राष्ट्रीय चिंता का विषय
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा आज गुजरात में चुनावी रैली में दिए गए भाषण पर कांग्रेस ने पलटवार करते हुए उन्हें अस्वस्थ मानसिकता का शिकार बताया है।
कांग्रेस प्रवक्ता आनंद शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री ने देश के पहले प्रधानमंत्री के विषय में कहा कि उन्होंने गुजरात के लिए कुछ नहीं किया, हम इसकी निंदा करते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री का बयान अस्वस्थ मानसिकता का पर्याय है और ये राष्ट्रीय चिंता का विषय है।
आनंद शर्मा ने कहा कि पीएम मोदी जिस तरह की बयानबाज़ी कर रहे हैं उससे लगता है कि बीजेपी से पहले न देश में कुछ हुआ था न गुजरात में कुछ हुआ था। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को ये जानकारी होनी चाहिए कि 1950 में पंडित जवाहर लाल नेहरू के प्रधानमंत्री रहते गुजरात में अमूल की स्थापना हुई थी।
अहमदाबाद में इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट (आईआईएम) भी पंडित जवाहर लाल नेहरू के समय से है था नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ डिज़ाइन जो देशभर में एक ही है की स्थापना भी कांग्रेस के शासन में हुई।
कांग्रेस पार्टी ने गांधी नगर की स्थापना की थी, इतना ही नहीं इंडियन इंस्टिट्यूट और टेक्नोलॉजी(आईआईटी) की स्थापना कांग्रेस के शासनकाल में हुई। 1960 में महागुजरात आंदोलन के बाद राज्य का पुनर्गठन भी कांग्रेस के समय हुआ।
उन्होंने कहा कि मोदी के समय बने एकमात्र एयरपोर्ट में अभी भी रनवे काम नहीं कर रहा। उनकी इस गलत बयानी से मजाक ही बनेगा। कांग्रेस गुजरात के लोगों को सच्चाई बताने में सक्षम है। पार्टी के समय में ही देश परमाणु शक्ति से लैस और अंतरिक्ष तक पहुंचा।
शर्मा ने कहा कि कांग्रेस 132 साल पुरानी पार्टी है। प्रधानमंत्री कांग्रेस का भविष्य तय नहीं करेंगे और हमें ज्ञान न दें। पार्टी अध्यक्षों की सूची निकालकर देखें तो महात्मा गांधी, सुभाष चंद्र बोस, सरदार पटेल, मदनमोहन मालवीय, रणछोड़ भाई जैसे नेता अध्यक्ष रहे हैं।
कांग्रेस वंशवाद को नकारती है और भाजपा को याद दिलाना चाहती है कि इस परिवार में बड़े पद पर 1985 में राजीव गांधी आखिरी सदस्य थे। दस साल कांग्रेस की सरकार रही और इस दौरान राहुल गांधी लोकसभा के सदस्य थे।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने आग्रह किया लेकिन राहुल सरकार में शामिल नहीं हुए। इसलिए भाजपा और प्रधानमंत्री कांग्रेस की चिंता नहीं करें। भ्रष्टाचार के आरोप पर उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री खुद को ईमानदारी का प्रमाणपत्र देते घूम रहे हैं लेकिन उनकी पार्टी दागी लोगों से भरी पड़ी है।
उन्होंने कहा कि हाल में रॉफेल डील में घोटाला सामने आया है और राज्यों में भाजपा की सरकारें घोटालों से घिरी हुई हैं। सच्चाई उजागर न हो जाए, इसीलिए शीतकालीन सत्र नहीं बुलाया।आनंद शर्मा ने कहा कि बीजेपी पूरी तरह बोखला गयी है और पीएम मोदी ने जो कुछ कहा वह उनकी बौखलाहट का नतीजा है।
